बुद्ध मोक्षदाता नहीं, मार्गदाता हैं : पूज्य भंते शुभमचित्त

बुद्ध मोक्षदाता नहीं, मार्गदाता हैं : पूज्य भंते शुभमचित्त

समता बुद्ध विहार में वर्षावास के सातवें रविवार पर हुई धम्मदेशना, बड़ी संख्या में उपासक-उपासिकाएं हुए शामिल

दैनिक सुदर्शन टुडे | ब्यूरो चीफ दिव्य कुमार सिंघल | छिंदवाड़ा

छिंदवाड़ा। स्थानीय समता बुद्ध विहार में वर्षावास कार्यक्रम के सातवें रविवार को पूज्य भंते शुभमचित्त जी ने धम्मदेशना देते हुए कहा कि भगवान बुद्ध मोक्षदाता नहीं, बल्कि मार्गदाता हैं। वे देवताओं और मनुष्यों के मार्गदर्शक हैं। बुद्ध का धम्म पारलौकिक आडंबर के बजाय मानवीय जीवन की वास्तविक समस्या दुःख को समझने और उसके निरोध का मार्ग बताता है।

भंते शुभमचित्त जी ने कहा कि “जीवन की पवित्रता बनाए रखना ही धम्म है।” जीवन की पवित्रता शारीरिक, वाचिक और मानसिक—तीन प्रकार की होती है। शरीर, वचन और मन के दोषों से विरत रहना ही वास्तविक धम्म आचरण है। उन्होंने बताया कि जीवहिंसा, अदत्तादान अर्थात चोरी तथा व्यभिचार शरीर के दोष हैं। असत्य भाषण, कठोर वचन, निंदा-चुगली और व्यर्थ प्रलाप वाणी के दोष हैं। वहीं लोभ, द्वेष और मोह अर्थात अज्ञान मन के दोष माने गए हैं।

अकुशल कर्मों से बचना और चित्त को परिशुद्ध करना ही बुद्ध की शिक्षा

भंते जी ने बुद्ध के उपदेश—
“सब्बपापस्स अकरणं, कुसलस्स उपसम्पदा।
सचित्तपरियोदपनं, एतं बुद्धानुसासनं।”

का अर्थ बताते हुए कहा कि सभी प्रकार के अकुशल कर्मों से बचना, कुशल कर्मों को करना और अपने चित्त को परिशुद्ध करना ही बुद्ध की शिक्षा है।

उन्होंने धम्मदेशना के दौरान दस पुण्य-किरिया वत्थु की भी विस्तार से व्याख्या की। इनमें दान, शील, भावना, अपचायन, वेय्यावच्च, पत्तीदान, पत्तानुमोदना, धम्मस्सवन, धम्मदेसना और दिट्ठुजुकम्म शामिल हैं। उन्होंने कहा कि इन कुशल कर्मों से कुशल चित्त उत्पन्न होता है तथा व्यक्ति के जीवन में सुख, शांति, उन्नति और मुक्ति की दिशा प्रशस्त होती है।

बड़ी संख्या में उपासक-उपासिकाओं की सहभागिता

कार्यक्रम में डॉ. आंबेडकर समता विकास समिति, छिंदवाड़ा के अध्यक्ष संदीप बोरकर, वरिष्ठ उपाध्यक्ष मीना ठवरे, महासचिव कमलेश कुमार चौरासे, कोषाध्यक्ष डॉ. प्रमोद वासनिक सहित एस.बी. सोनटक्के, भीमराव सोमकुंवर, पी.एन. सोमकुंवर, नामदेव सोमकुंवर, बी.डी. सोमकुंवर, अशोक सोमकुंवर, महेंद्र सोमकुंवर, अरुण सोमकुंवर, डॉ. सुनील सोमकुंवर, डॉ. नरेंद्र सोमकुंवर, सुनील सोमकुंवर, आनंद सोमकुंवर, शीलकांत बंसोड़, प्रहलाद मालवीय, देवेंद्र खांडेकर, बाबूलाल चौहान, प्रशांत गजभिए एवं दीपक बागड़े सहित बड़ी संख्या में उपासक-उपासिकाएं उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के अंत में उपस्थित श्रद्धालुओं ने पूज्य भंते शुभमचित्त जी की धम्मदेशना का श्रद्धापूर्वक श्रवण किया तथा बुद्ध, धम्म और संघ के प्रति श्रद्धा व्यक्त करते हुए बुद्ध के बताए धम्ममार्ग पर चलने का संकल्प लिया।

नर्मदापुरम संभाग में पिछड़ा वर्ग मोर्चा के संगठन विस्तार को लेकर महत्वपूर्ण बैठक सम्पन्न

नर्मदापुरम संभाग में पिछड़ा वर्ग मोर्चा के संगठन विस्तार को लेकर महत्वपूर्ण बैठक सम्पन्न

जिला एवं मंडल कार्यकारिणी गठन से लेकर शक्ति केंद्र और बूथ स्तर तक संगठन मजबूत करने पर हुआ मंथन

इटारसी। भारतीय जनता पार्टी पिछड़ा वर्ग मोर्चा नर्मदापुरम संभाग की संगठन विस्तार को लेकर महत्वपूर्ण बैठक इटारसी नगर में सम्पन्न हुई। बैठक में संभाग प्रभारी, संभाग में निवासरत प्रदेश पदाधिकारी, विभिन्न जिलों के मनोनीत जिला प्रभारी एवं संभाग अंतर्गत आने वाले जिलों के जिला अध्यक्ष उपस्थित रहे।

बैठक में प्रदेश नेतृत्व द्वारा निर्धारित कार्यों को समयबद्ध तरीके से पूर्ण करने तथा जिला एवं मंडल स्तर पर कार्यकारिणी के गठन को लेकर विस्तार से चर्चा की गई। इसके साथ ही शक्ति केंद्र एवं बूथ स्तर तक पिछड़ा वर्ग मोर्चा की संगठनात्मक संरचना को मजबूत करने पर भी प्रमुखता से संवाद हुआ।

बैठक में संगठन को जमीनी स्तर पर अधिक सक्रिय और प्रभावी बनाने, कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारियां सौंपने तथा आगामी संगठनात्मक गतिविधियों को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश एवं रणनीति पर चर्चा की गई।

इस अवसर पर मोर्चा के प्रदेश प्रशिक्षण प्रभारी एवं संभाग प्रभारी नीलेश कौशल, प्रदेश सह प्रशिक्षण प्रभारी जय किशोर चौधरी, नर्मदापुरम जिला प्रभारी योगेश साहू, बैतूल जिला प्रभारी चंदन साहू, हरदा जिला प्रभारी अशोक साहू, नर्मदापुरम जिलाध्यक्ष राम जीवन साद, हरदा जिला अध्यक्ष भगवान दास दोंगने, अभिषेक कनौजिया, अशोक मालवीय, जोगेंद्र सिंह, किशन कहार सहित पिछड़ा वर्ग मोर्चा के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

— योगेश साहू
जिला प्रभारी, नर्मदापुरम
पिछड़ा वर्ग मोर्चा, भारतीय जनता पार्टी, मध्य प्रदेश

भरत मुनिया बने विकलांग बल के मध्य प्रदेश राज्य प्रभारी

भरत मुनिया बने विकलांग बल के मध्य प्रदेश राज्य प्रभारी

संगठन के विस्तार और दिव्यांगजनों के अधिकारों के लिए कार्य करने की मिली जिम्मेदारी

भोपाल। विकलांग बल (पंजीकृत) ने संगठनात्मक विस्तार एवं कार्यप्रणाली को मजबूत बनाने के उद्देश्य से श्री भरत मुनिया को मध्य प्रदेश राज्य का राज्य प्रभारी नियुक्त किया है। संगठन की ओर से 29 अगस्त 2026 को जारी नियुक्ति पत्र के माध्यम से यह जिम्मेदारी सौंपी गई है।

नियुक्ति पत्र के अनुसार, यह नियुक्ति 29 अगस्त 2026 से आगामी एक वर्ष की अवधि के लिए प्रभावी एवं मान्य रहेगी। संगठन ने उम्मीद जताई है कि भरत मुनिया संगठन के नियमों, नीतियों एवं संविधान का पूर्ण निष्ठा से पालन करते हुए मध्य प्रदेश में दिव्यांगजनों के अधिकारों, कल्याण तथा संगठन के व्यापक विस्तार के लिए समर्पित भाव से कार्य करेंगे।

विकलांग बल ने कहा कि राज्य प्रभारी के नेतृत्व में मध्य प्रदेश के सभी जिला एवं ब्लॉक स्तर के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता संगठनात्मक गतिविधियों को सुचारु रूप से संचालित करने में सहयोग करेंगे।

इस नियुक्ति पर संगठन के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने भरत मुनिया को बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए विश्वास जताया कि उनके नेतृत्व में मध्य प्रदेश में संगठन को और अधिक मजबूती मिलेगी तथा दिव्यांगजनों से जुड़े मुद्दों को प्रभावी ढंग से उठाया जाएगा।

उल्लेखनीय है कि नियुक्ति पत्र पर विकलांग बल के प्रधान डॉ. विजय कुमार सिंघल के हस्ताक्षर हैं। नियुक्ति की प्रति संगठन के नवनियुक्त राज्य प्रभारी सहित संबंधित पदाधिकारियों एवं कार्यालय अभिलेख के लिए जारी की गई है।

17 वर्षों से आस्था और सेवा का अभियान, बैरसिया से तरावली तक निकलेगी चुनरी यात्रा

17 वर्षों से आस्था और सेवा का अभियान, बैरसिया से तरावली तक निकलेगी चुनरी यात्रा

दा नेशनल पावर ग्रुप की बैठक में दिनेश श्रीवास्तव अध्यक्ष और रूपेश कुशवाह उपाध्यक्ष नियुक्त

जीतेन्द्र शर्मा बैरसिया बैरसिया। नवरात्रि पर्व के अवसर पर बैरसिया से मां हरसिद्धि मंदिर तरावली तक आयोजित होने वाली चुनरी यात्रा और मां के दरबार में भंडारे की तैयारियों को लेकर दा नेशनल पावर ग्रुप की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रदेश अध्यक्ष जयनारायण बैरागी की मौजूदगी में संरक्षक मंडल सहित ग्रुप से जुड़े पदाधिकारियों और सदस्यों ने भाग लिया।बैठक में चुनरी यात्रा एवं भंडारा आयोजन को व्यवस्थित रूप से संपन्न कराने के लिए सर्वसम्मति से दिनेश श्रीवास्तव को अध्यक्ष तथा रूपेश कुशवाह को उपाध्यक्ष नियुक्त किया गया। इस अवसर पर उपस्थित सभी सदस्यों ने नवनियुक्त अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष का पुष्पहार से स्वागत कर उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दीं। 17 वर्षों से जारी है चुनरी यात्रा और भंडारे की परंपरा दा नेशनल पावर ग्रुप पिछले 17 वर्षों से बैरसिया से मां हरसिद्धि मंदिर तरावली तक चुनरी यात्रा का आयोजन करता आ रहा है। नवरात्रि के दौरान श्रद्धालु भक्तिभाव के साथ मां के दरबार तक चुनरी लेकर पहुंचते हैं। मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं के लिए भंडारे का आयोजन भी किया जाता है।यह आयोजन क्षेत्र में धार्मिक आस्था के साथ-साथ सामाजिक एकता और जनभागीदारी का प्रतीक बन चुका है। हर वर्ष बड़ी संख्या में लोग इस सेवा और धार्मिक यात्रा से जुड़ते हैं। एक रोटी गाय के नाम’ से गौसेवा का संदेश धार्मिक आयोजनों के साथ दा नेशनल पावर ग्रुप जनसेवा के क्षेत्र में भी लगातार सक्रिय है। बैरसिया में ग्रुप द्वारा ‘एक रोटी गाय के नाम’ अभियान के तहत रथ चलाया जा रहा है। इस अभियान के माध्यम से घर-घर से रोटियां एकत्रित कर गौ माता को खिलाई जाती हैं।ग्रुप की इस पहल का उद्देश्य लोगों में गौसेवा के प्रति जागरूकता बढ़ाना और घरों में बनने वाली अतिरिक्त रोटियों को गौवंश तक पहुंचाना है। दा नेशनल पावर ग्रुप की इस योजना से प्रेरणा लेकर अब दूसरे शहरों और नगरों में भी लोगों द्वारा ‘एक रोटी गाय के नाम’ अभियान शुरू किया जा रहा है। गरीब कन्याओं के विवाह से लेकर अंतिम संस्कार तक सेवा
दा नेशनल पावर ग्रुप की गतिविधियां धार्मिक आयोजनों तक सीमित नहीं हैं। संस्था द्वारा गरीब कन्याओं के विवाह में सहयोग किया जाता है। आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लिए विवाह संबंधी आवश्यक व्यवस्थाओं में मदद पहुंचाई जाती है।इसके अलावा जरूरतमंद गरीब परिवारों के अंतिम संस्कार के लिए श्मशान घाट पर लकड़ी की व्यवस्था भी संस्था द्वारा की जाती है। मानव सेवा के इस कार्य के माध्यम से संस्था समाज के उन परिवारों तक सहायता पहुंचाने का प्रयास करती है, जो विपरीत परिस्थितियों में अंतिम संस्कार जैसी आवश्यक जिम्मेदारी निभाने में सक्षम नहीं होते। जनसेवा को समर्पित है संस्था दा नेशनल पावर ग्रुप बैरसिया क्षेत्र में लगातार जनसेवा के कार्य करता चला आ रहा है। धार्मिक आयोजनों, गौसेवा, गरीब कन्याओं के विवाह और जरूरतमंदों की अंत्येष्टि व्यवस्था सहित विभिन्न सामाजिक गतिविधियों के माध्यम से संस्था सेवा का संदेश दे रही है।बैठक में उपस्थित सदस्यों ने नवनियुक्त अध्यक्ष दिनेश श्रीवास्तव और उपाध्यक्ष रूपेश कुशवाह से उम्मीद जताई कि वे सभी पदाधिकारियों और सदस्यों के सहयोग से चुनरी यात्रा एवं भंडारा आयोजन को सफल बनाएंगे तथा संस्था की जनसेवा गतिविधियों को और विस्तार देंगे।दा नेशनल पावर ग्रुप का उद्देश्य आस्था के साथ सेवा को जोड़ते हुए समाज में सहयोग, संवेदना और मानवता की भावना को मजबूत करना है।

आगामी त्योहारों को लेकर लामता थाने में शांति समिति की बैठक सम्पन्न

आगामी त्योहारों को लेकर लामता थाने में शांति समिति की बैठक सम्पन्न

गणेश उत्सव, पर्युषण पर्व एवं दुर्गा उत्सव को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण ढंग से मनाने पर हुई चर्चा

सुदर्शन टुडे | धानेश कुमार

लामता। आगामी गणेश उत्सव, पर्युषण पर्व एवं दुर्गा उत्सव को शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण एवं व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने को लेकर पुलिस थाना लामता में शांति समिति एवं ग्राम चौपाल की बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रशासन एवं पुलिस विभाग के अधिकारियों के साथ जनप्रतिनिधि, आयोजन समितियों के पदाधिकारी तथा क्षेत्र के गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

बैठक में आगामी त्योहारों के दौरान कानून-व्यवस्था, यातायात प्रबंधन, जुलूस एवं विसर्जन व्यवस्था, विद्युत व्यवस्था, साफ-सफाई तथा सुरक्षा जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। अधिकारियों ने आयोजन समितियों से कहा कि सभी धार्मिक एवं सामाजिक आयोजन शासन-प्रशासन द्वारा निर्धारित नियमों एवं दिशा-निर्देशों के अनुरूप ही किए जाएं।

आपसी भाईचारे और सद्भाव के साथ त्योहार मनाने की अपील

अधिकारियों ने क्षेत्रवासियों एवं आयोजन समितियों से आपसी भाईचारे, शांति और सद्भाव के साथ त्योहार मनाने की अपील की। साथ ही किसी भी प्रकार की अफवाह, विवाद अथवा अप्रिय स्थिति उत्पन्न होने पर स्वयं कानून हाथ में लेने के बजाय तत्काल पुलिस एवं प्रशासन को सूचना देने की बात कही गई।

बैठक के दौरान प्रशासन एवं पुलिस अधिकारियों ने त्योहारों के दौरान क्षेत्र में शांति एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आमजन से सहयोग की अपेक्षा की। अधिकारियों ने आयोजन समितियों को व्यवस्थाओं को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए।

राष्ट्रीय तेली साहू महासंगठन में नवनियुक्त पदाधिकारियों ने ली शपथ

राष्ट्रीय तेली साहू महासंगठन में नवनियुक्त पदाधिकारियों ने ली शपथ

समाज की एकता, संगठन की मजबूती और विकास के लिए कार्य करने का लिया संकल्प

राष्ट्रीय तेली साहू महासंगठन के पद नियुक्ति एवं शपथ ग्रहण समारोह का आयोजन किया गया। समारोह में समाज के प्रति समर्पित एवं सक्रिय सदस्यों को संगठन में विभिन्न महत्वपूर्ण दायित्व सौंपे गए। इस दौरान नवनियुक्त पदाधिकारियों को पद की जिम्मेदारियों के निर्वहन के लिए शपथ दिलाई गई।

समारोह में पार्वती साहू को जिला अध्यक्ष भोपाल, आशा साहू एवं रचना साहू को जिला उपाध्यक्ष, ज्योति साहू को जिला महामंत्री तथा सोनम साहू को जिला कोषाध्यक्ष नियुक्त किया गया।

राष्ट्रीय तेली साहू समाज महासंगठन की प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष प्रियंका साहू ने नवनियुक्त पदाधिकारियों को नियुक्ति प्रदान करते हुए उन्हें पद एवं कर्तव्यों की शपथ दिलाई। उन्होंने संगठन को मजबूत बनाने तथा समाजहित में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।

इस अवसर पर नवनियुक्त पदाधिकारियों ने समाज की एकता, संगठन की मजबूती और समाज के विकास के लिए निष्ठा एवं समर्पण के साथ कार्य करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने, युवाओं को संगठन से जोड़ने तथा समाजहित से जुड़े विभिन्न कार्यों को आगे बढ़ाने पर भी जोर दिया गया।

समारोह के दौरान उपस्थित समाजजनों ने सभी नवनियुक्त पदाधिकारियों को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं और विश्वास जताया कि नई टीम संगठन को मजबूत करने तथा समाज के उत्थान के लिए प्रभावी भूमिका निभाएगी।

आज लाड़ली बहनों के खातों में आएगी 40वीं किस्त

आज लाड़ली बहनों के खातों में आएगी 40वीं किस्त

सीएम डॉ. मोहन यादव आगर मालवा से सिंगल क्लिक में 1.25 करोड़ से अधिक बहनों के खातों में ट्रांसफर करेंगे ₹1,835 करोड़

भोपाल। मध्य प्रदेश की लाड़ली बहनों के लिए आज रविवार का दिन खास रहेगा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव आगर मालवा जिले के दौरे के दौरान लाड़ली बहना योजना की 40वीं किस्त की राशि पात्र बहनों के बैंक खातों में अंतरित करेंगे। मुख्यमंत्री सिंगल क्लिक के माध्यम से प्रदेश की 1 करोड़ 25 लाख 10 हजार 150 बहनों के खातों में करीब ₹1,835 करोड़ की राशि ट्रांसफर करेंगे।

आगर मालवा से होगा राशि का अंतरण

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव रविवार को दोपहर करीब 1:40 बजे आगर मालवा पहुंचेंगे। यहीं आयोजित कार्यक्रम से वे लाड़ली बहना योजना की राशि बहनों के खातों में अंतरित करेंगे। योजना के तहत अब तक प्रदेश की बहनों के खातों में ₹65,395 करोड़ से अधिक की राशि का अंतरण किया जा चुका है।

226 करोड़ से अधिक के विकास कार्यों को सौगात

मुख्यमंत्री अपने आगर मालवा दौरे के दौरान जिले को विकास कार्यों की भी सौगात देंगे। वे ₹225.95 करोड़ लागत के 33 कार्यों का भूमि-पूजन तथा ₹28.14 करोड़ लागत के 17 कार्यों का लोकार्पण करेंगे। इन विकास कार्यों से क्षेत्र में आधारभूत सुविधाओं को मजबूती मिलने की उम्मीद है।

लाड़ली बहना योजना की 40वीं किस्त के जारी होने से प्रदेश की लाखों महिलाओं को आर्थिक सहायता मिलेगी। सरकार द्वारा इस योजना के माध्यम से महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने और उनके परिवारों की आर्थिक स्थिति को बेहतर करने का प्रयास किया जा रहा है।

उज्जैन से उठी सामाजिक एकजुटता की नई आवाज, राष्ट्रीय अधिवेशन में तेली साहू समाज ने तय की विकास की दिशा

उज्जैन से उठी सामाजिक एकजुटता की नई आवाज, राष्ट्रीय अधिवेशन में तेली साहू समाज ने तय की विकास की दिशा

देशभर से पहुंचे समाज के प्रतिनिधियों ने संगठन को मजबूत बनाने, युवाओं-महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने और शिक्षा, रोजगार व सामाजिक उत्थान को लेकर किया व्यापक मंथन

उज्जैन। महाकाल की नगरी उज्जैन में रविवार को आयोजित राष्ट्रीय तेली साहू महासंगठन, दिल्ली के राष्ट्रीय अधिवेशन एवं वार्षिक समारोह 2026 में समाज की एकता, संगठन के विस्तार और सामाजिक विकास को लेकर व्यापक विचार-विमर्श हुआ। माधव सेवा न्यास, श्री महाकालेश्वर भक्त निवास, भारत माता मंदिर के पास आयोजित इस राष्ट्रीय आयोजन में देश के विभिन्न राज्यों से समाज के पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता, महिला प्रतिनिधि, युवा पदाधिकारी और समाजबंधु बड़ी संख्या में शामिल हुए।

अधिवेशन में समाज के वर्तमान परिदृश्य, संगठन की उपलब्धियों, आगामी कार्ययोजनाओं और सामाजिक सरोकारों से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की गई। वक्ताओं ने कहा कि समाज की वास्तविक ताकत उसकी संख्या में नहीं, बल्कि एकता, संगठनात्मक अनुशासन, आपसी सहयोग और सकारात्मक सोच में निहित है। इसी भावना के साथ समाज को शिक्षा, रोजगार, सामाजिक जागरूकता और नेतृत्व के क्षेत्र में आगे बढ़ाने का संकल्प व्यक्त किया गया।

केंद्रीय राज्यमंत्री तोखन साहू की मौजूदगी ने बढ़ाई कार्यक्रम की गरिमा

राष्ट्रीय अधिवेशन के मुख्य अतिथि केंद्रीय राज्यमंत्री श्री तोखन साहू जी रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता, सूत्रधार एवं समन्वयक राष्ट्रीय तेली साहू महासंगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री मुरारी गुप्ता जी ने की।

अधिवेशन में धनबाद के सांसद श्री ढूल्लू महतो जी, सिंगरौली के विधायक श्री रामनिवास शाह जी, तेलघानी बोर्ड छत्तीसगढ़ के अध्यक्ष एवं कैबिनेट मंत्री दर्जा प्राप्त श्री जितेंद्र कुमार साहू जी, पूर्व सांसद एवं संरक्षक श्री चन्दूलाल साहू जी, बड़का गाँव की पूर्व विधायक सुश्री अम्बा प्रसाद जी, झारखंड के पूर्व मंत्री श्री योगेंद्र साईं जी, श्री नारायण पटेल जी, श्री मोहन यादव जी, मुख्यमंत्री के भाई तथा पूर्व आईएएस श्री विजय गुप्ता जी सहित अनेक विशिष्ट अतिथि उपस्थित रहे।

विशिष्ट अतिथियों की मौजूदगी को समाज के लिए महत्वपूर्ण माना गया। मंच से सामाजिक एकता, संगठन की मजबूती और समाज के व्यापक हित में सामूहिक प्रयासों को आगे बढ़ाने पर जोर दिया गया।

राष्ट्रीय पदाधिकारियों की मौजूदगी में संगठनात्मक गतिविधियों की समीक्षा

अधिवेशन में महासंगठन के अनेक राष्ट्रीय पदाधिकारियों ने सहभागिता की। राष्ट्रीय महामंत्री श्री रामललित गुप्ता जी, राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष श्री संजय गुप्ता जी, राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष श्री हरभजन साहू जी, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष श्री चन्द्रिका प्रसाद साहू जी, राष्ट्रीय अध्यक्ष राजनीतिक प्रकोष्ठ श्री अशोक राठौर जी, राष्ट्रीय महामंत्री संगठन श्री त्रिवेणी प्रसाद साहू ‘लखन’ जी, राष्ट्रीय अपर महामंत्री श्री गिरीश साहू जी, श्री गोवर्धन गुप्ता जी तथा श्री विजय साहू जी, राष्ट्रीय अपर महामंत्री एवं प्रदेश कोषाध्यक्ष मध्यप्रदेश सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।

आयोजन को सफल बनाने में अधिवेशन सह समन्वयक एवं राष्ट्रीय युवाध्यक्ष श्री अशोक साहू जी, कार्यक्रम-सह संयोजक श्री यमन साहू जी तथा मध्यप्रदेश प्रदेश अध्यक्ष श्री अशोक साहू जी की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

महिला नेतृत्व और युवा शक्ति ने दिखाई सक्रिय भागीदारी

राष्ट्रीय अधिवेशन में महिला और युवा प्रतिनिधियों की भागीदारी भी विशेष रूप से देखने को मिली। संगठन की राष्ट्रीय महिला अध्यक्ष श्रीमती मंजू साहू जी, पूर्व राष्ट्रीय महिला अध्यक्ष बहन कंचन गुप्ता जी, संचालनकर्ता एवं राष्ट्रीय महिला कार्यकारी अध्यक्ष श्रीमती संध्या साहू जी तथा राष्ट्रीय महिला महामंत्री श्रीमती पूनम साहू जी उपस्थित रहीं।

वक्ताओं ने समाज के विकास में महिलाओं और युवाओं की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए संगठनात्मक गतिविधियों में उनकी भागीदारी को और व्यापक बनाने की आवश्यकता पर बल दिया। युवाओं को सामाजिक नेतृत्व, शिक्षा, रोजगार और रचनात्मक गतिविधियों से जोड़ने तथा महिलाओं को निर्णय प्रक्रिया में अधिक अवसर देने की बात भी सामने रखी गई।

कार्यक्रम में राष्ट्रीय प्रवक्ता डॉ. महेंद्र गुप्ता जी, श्री गौरव सेठ जी तथा कवि श्री रामकृष्ण गुप्ता जी ने भी अपनी भूमिका निभाई।

प्रगति प्रतिवेदन से लेकर भविष्य की रणनीति तक हुई चर्चा

कार्यक्रम की शुरुआत पंजीयन और नाश्ते के साथ हुई। इसके बाद दीप प्रज्वलन एवं मां कर्मा की आरती, अध्यक्ष चयन, अतिथि परिचय, स्वागत तथा स्वागत उद्बोधन की प्रक्रिया संपन्न हुई।

इसके पश्चात महासंगठन की ओर से प्रगति प्रतिवेदन प्रस्तुत किया गया, जिसमें संगठन की गतिविधियों और अब तक किए गए कार्यों की जानकारी रखी गई। राष्ट्रीय कार्यसमिति की बैठक में संगठन के विस्तार, आगामी कार्यक्रमों और समाजहित से जुड़े विषयों पर विस्तार से विचार किया गया।

भोजन अवकाश के बाद अधिवेशन का दूसरा चरण भी महत्वपूर्ण रहा। इसमें संगठन को जमीनी स्तर तक मजबूत करने, अधिक से अधिक समाजबंधुओं को जोड़ने, सामाजिक एवं रचनात्मक गतिविधियों को गति देने तथा भविष्य की योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करने पर मंथन हुआ।

शिक्षा, रोजगार और सामाजिक जागरूकता को प्राथमिकता देने पर जोर

अधिवेशन में वक्ताओं ने समाज की प्रगति के लिए केवल संगठन का विस्तार पर्याप्त नहीं होने की बात कही। उन्होंने कहा कि संगठन की सक्रियता का लाभ समाज के प्रत्येक वर्ग तक पहुंचना चाहिए। इसके लिए शिक्षा, रोजगार, सामाजिक जागरूकता, महिला सशक्तिकरण और युवा नेतृत्व जैसे विषयों को प्राथमिकता देने की आवश्यकता है।

समाज के विभिन्न क्षेत्रों में आगे बढ़ रहे लोगों को एक मंच पर लाने, युवाओं को जिम्मेदारियां देने और नई पीढ़ी को समाज की गतिविधियों से जोड़ने पर भी जोर दिया गया। वक्ताओं ने आपसी सहयोग और संवाद को मजबूत करने की आवश्यकता बताते हुए कहा कि समाज की समस्याओं का समाधान सामूहिक प्रयासों से ही संभव है।

“आओ समाज को एक करें, जीवन में कुछ नेक करें” का दिया संदेश

अधिवेशन में “आओ समाज को एक करें, जीवन में कुछ नेक करें” के संदेश को प्रमुखता से आगे बढ़ाया गया। समाजबंधुओं से व्यक्तिगत मतभेदों और छोटे-छोटे विवादों से ऊपर उठकर व्यापक समाजहित को प्राथमिकता देने का आह्वान किया गया।

वक्ताओं ने कहा कि संगठन तभी मजबूत होगा, जब समाज का प्रत्येक व्यक्ति स्वयं को संगठन का महत्वपूर्ण हिस्सा माने और अपनी क्षमता के अनुसार समाजहित में योगदान दे। आपसी विश्वास, सहयोग और सकारात्मक संवाद को संगठन की मजबूती का आधार बताया गया।

सम्मान, संवाद और संकल्प के साथ संपन्न हुआ राष्ट्रीय आयोजन

राष्ट्रीय अधिवेशन में अतिथियों एवं संगठन के पदाधिकारियों का सम्मान भी किया गया। देश के अलग-अलग हिस्सों से आए प्रतिनिधियों के बीच संवाद और विचारों का आदान-प्रदान हुआ। पूरे आयोजन में सामाजिक जुड़ाव, संगठनात्मक चर्चा और भविष्य की कार्ययोजना का समन्वय देखने को मिला।

उज्जैन में आयोजित यह राष्ट्रीय अधिवेशन केवल एक वार्षिक कार्यक्रम तक सीमित नहीं रहा, बल्कि समाज के विभिन्न वर्गों को एक मंच पर लाने और आगामी दिशा पर सामूहिक विचार करने का अवसर भी बना। महाकाल की पावन नगरी से समाज की एकता और संगठनात्मक मजबूती का संदेश देशभर तक पहुंचा।

कार्यक्रम के समापन अवसर पर आयोजकों ने राष्ट्रीय अधिवेशन को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी अतिथियों, पदाधिकारियों, समाजबंधुओं, महिला प्रतिनिधियों, युवा साथियों और सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया। अधिवेशन का समापन सामाजिक एकता, संगठन के विस्तार और समाज के सर्वांगीण विकास के सामूहिक संकल्प के साथ हुआ।

https://link.amazon/B0ijD1r0s

स्थानांतरण हुए लंबा समय बीत जाने के बाद भी उत्तर वनमंडल सारनी के रेंजर के रिलीफ नहीं किए जाने से उठे सवाल..?

स्थानांतरण हुए लंबा समय बीत जाने के बाद भी उत्तर वनमंडल सारनी के रेंजर के रिलीफ नहीं किए जाने से उठे सवाल..?

आरटीआई मामला और कोर्ट की समय-सीमा खत्म, फिर भी उप वनमंडलाधिकारी क्यों नहीं कर रहें रेंजर नायक को रिलीफ

जिला ब्यूरो चीफ कुलदीप साहु
सारनी(सुदर्शन टूडे)। मध्यप्रदेश शासन वन विभाग द्वारा प्रशासनिक पारदर्शिता बनाए रखने और भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने के लिए बनाए गए नियमों को स्थानीय स्तर पर धरा बताया जा रहा हैं। सरकार की स्पष्ट नीति है कि 3 से 5 वर्ष की अवधि पूरी होने पर अधिकारियों और कर्मचारियों का स्थानांतरण किया जाए। परंतु उत्तर बैतूल वनमंडल के सारनी परिक्षेत्र में शासन के इन आदेशों का पालन होता नहीं दिख रहा है। सूत्रों के अनुसार, 16 जून को जारी स्थानांतरण आदेश में सारनी परिक्षेत्र के रेंजर शरदेन्दु नायक का स्थानांतरण अमरवाड़ा पूर्व छिंदवाड़ा किया गया था। परंतु लंबा समय बीत जाने के बाद भी उन्हें वर्तमान पद से कार्यमुक्त रिलीफ नहीं किया गया हैं।

सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, स्थानांतरण प्रक्रिया को टालने या उलझाने के लिए आरटीआई और अदालती प्रक्रिया की बातें सामने लाई गईं। नियमानुसार स्थानांतरण पत्र जारी होने के बाद लगभग दिनों के भीतर संबंधित अधिकारी को रिलीफ करना अनिवार्य होता है। वहीं यदि मामला कोर्ट या अन्य वैधानिक प्रक्रिया में जाता है, तो भी 30 दिनों की निर्धारित समय-सीमा तय रहती है। सूत्रों का कहना हैं कि जब लगभग दिन की प्राथमिक अवधि और कोर्ट से जुड़ा 30 दिन का समय भी पूरी तरह बीत चुका है, तो फिर रेंजर शरदेन्दु नायक को रिलीव करने में इतनी मेहरबानी क्यों दिखाई जा रही हैं..???

जब सरकार की नीति 3 से 5 साल में तबादले की, तो सारनी में नियम-कायदों को ताक पर क्यों रखा जा रहा

कार्यालय में वर्षों से जमे हैं निचले अधिकारी पर आखिर किस आका का हाथ हैं…?? सूत्रों के हवाले से यह भी जानकारी मिली हैं कि केवल रेंजर ही नहीं, बल्कि सारनी वन परिक्षेत्र कार्यालय में रेंजर से निचले स्तर के कई अन्य अधिकारी और कर्मचारी भी पिछले कई सालों से एक ही स्थान पर जमे हुए हैं। शासन की नीति के अनुसार लंबे समय से एक ही जगह पदस्थ कर्मचारियों का स्थानांतरण किया जाना आवश्यक हैं ताकि पारदर्शी व्यवस्था बनीं रहें। परंतु सारनी कार्यालय में वर्षों से कुर्सियों पर काबिज इन निचले अधिकारियों पर भी प्रशासनिक मेहरबानी बनी हुई है। जनता का सवाल हैं कि आखिर इन कर्मचारियों और अधिकारियों को किसका संरक्षण प्राप्त है, जिसके चलते इनका स्थानांतरण या फेरबदल नहीं हो पा रहा है…?

उप वनमंडलाधिकारी और वनमंडलाधिकारी की चुप्पी पर उठे सवाल

विभागीय सूत्रों के अनुसार, स्थानांतरण आदेश जारी होने के बावजूद उप वनमंडलाधिकारी एसडीओ और वनमंडलाधिकारी डीएफओ स्तर से रिलीफ ऑर्डर जारी न होना कई तरह की चर्चाओं को जन्म दे रहा है..??

  1. किसकी मेहरबानी: स्थानांतरण सूची में नाम आने और सभी कानूनी व प्रशासनिक समय-सीमाएं समाप्त होने के बाद भी रेंजर नायक को किसके कहने पर रोका गया हैं..???
  1. अधिकारियों का रुख: उप वनमंडलाधिकारी एसडीओ और वनमंडलाधिकारी डीएफओ आखिर किसके दबाव में या किस मंशा से कार्यमुक्ति की फाइल को दबाकर बैठे हैं…???
  1. पारदर्शिता पर उठते सवाल: जब शासन की स्पष्ट नीति 3 से 5 साल में तबादले की है, तो सारनी में वरिष्ठ से लेकर निचले अधिकारियों तक को एक ही जगह जमाए रखने का क्या रहस्य है…???

इनका कहना हैं

मैं आधिकारिक रूप से अधिकृत नहीं हूँ।

शरदेन्दु नायक रेंजर सारनी जिला बैतूल

मामला प्रक्रिया में है। रिलीफ करने की विभागीय प्रक्रिया चल रहीं हैं और हम इन्हें जल्द ही रिलीव कर रहे हैं।

देवांशु शेखर उत्तर वनमंडलाधिकारी (डीएफओ), जिला बैतूल

नोट:- इस संबंध में उप वनमंडलाधिकारी (एसडीओ) का पक्ष जानने के लिए उन्हें दूरभाष पर कॉल किया गया, परंतु उन्होंने मीडिया का फोन नहीं उठाया।

दीनदयाल मंडल के पदाधिकारियों ने सांसद गणेश सिंह का पुष्पगुच्छ भेंट कर किया स्वागत

दीनदयाल मंडल के पदाधिकारियों ने सांसद गणेश सिंह का पुष्पगुच्छ भेंट कर किया स्वागत

मुकेश श्रीवास्तव ब्यूरो चीफ सतना

सुदर्शन टुडेसतना सतना। लोकसभा सांसद श्री गणेश सिंह जी को लोकसभा की अन्य पिछड़ा वर्ग कल्याण समिति का पुनः चेयरमैन बनाए जाने पर दीनदयाल मंडल के समस्त पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने हर्ष व्यक्त करते हुए उनका पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया और शुभकामनाएं प्रेषित कीं।
इस अवसर पर दीनदयाल मंडल के अध्यक्ष संजय अग्रवाल सहित गणेश गुप्ता, रश्मि सैनी, विमल नामदेव, लीला बर्मन, राकेश राकेश सोनी, डोला भैया, जितेन गुप्ता, शिवेंद्र सिंह एवं महेंद्र सिंह हेमंत पांडेय नरेन्द जयसवाल बलराम प्रजापति सहित अन्य पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
पदाधिकारियों ने कहा कि श्री गणेश सिंह को महत्वपूर्ण संसदीय समिति की पुनः जिम्मेदारी मिलना क्षेत्र के लिए गौरव की बात है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सांसद श्री सिंह अपने दायित्व का सफलतापूर्वक निर्वहन करते हुए पिछड़ा वर्ग के कल्याण एवं हितों से जुड़े विषयों को प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाएंगे।