Sudarshantoday ब्यूरो: दिल्ली में हाल ही में हुए एक दर्दनाक इमारत हादसे के बाद विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने सरकार की नीतियों पर तीखे सवाल उठाए हैं। उन्होंने छात्रों के लिए सुरक्षित आवास की कमी और उन्हें महंगे पीजी (पेइंग गेस्ट) में रहने के लिए मजबूर करने की व्यवस्था पर गंभीर चिंता व्यक्त की है।
हादसे के बाद सिस्टम पर उठे सवाल
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट के जरिए दिल्ली के पटेल नगर इलाके में हुई घटना का जिक्र करते हुए कहा कि यह केवल एक दुर्घटना नहीं, बल्कि व्यवस्था की विफलता है। उन्होंने पूछा कि आखिर सरकार नए हॉस्टल बनाने में नाकाम क्यों रही है, जिससे छात्रों को असुरक्षित और अवैध पीजी में रहने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।
छात्रों का जीवन दांव पर लगाकर क्या हम शिक्षा का भविष्य सुरक्षित कर सकते हैं? सरकार को जवाब देना होगा कि नए हॉस्टल क्यों नहीं बनाए गए और छात्रों को असुरक्षित पीजी में रहने के लिए क्यों धकेला जा रहा है?
प्रमुख बिंदु:
- दिल्ली में छात्रों के लिए सरकारी हॉस्टल की भारी कमी।
- अवैध और असुरक्षित पीजी में रहने को मजबूर युवा छात्र।
- प्रशासनिक लापरवाही और सुरक्षा मानकों की अनदेखी।
- छात्रों की सुरक्षा के लिए ठोस नीति की मांग।
शिक्षा और सुरक्षा का मुद्दा
राहुल गांधी ने आगे कहा कि देश भर से दिल्ली पढ़ने आने वाले छात्र अपने सपनों को पूरा करने के लिए आते हैं, लेकिन उन्हें रहने के लिए बुनियादी सुविधाएं तक नसीब नहीं हो रही हैं। उन्होंने सरकार से मांग की है कि वह इस मामले की उच्च स्तरीय जांच कराए और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सख्त कदम उठाए।















